मुंबईकरों के लिए बड़ी राहत: खत्म होगा मनोज जरांगे का मराठा आंदोलन, सरकार ने मानीं मांगें
मुंबई। मराठा क्रांति मोर्चा के नेता मनोज जरांगे पाटिल ने मंगलवार देर रात बड़ा ऐलान करते हुए कहा कि उनकी प्रमुख मांगों को मानने के बाद आंदोलन समाप्त किया जाएगा। उन्होंने उपवास खत्म करने की भी घोषणा की और कहा कि हम जीत गए हैं।
दरअसल, महाराष्ट्र सरकार ने जरांगे की सभी अहम मांगों पर सहमति जताई है। इसमें हैदराबाद राजपत्र को तत्काल लागू करने, सतारा राजपत्र को एक महीने के भीतर लागू करने, मराठा-कुनबी को एक करने की प्रक्रिया तेज करने, दर्ज मामलों को वापस लेने और प्रदर्शन के दौरान जान गंवाने वाले 5 प्रदर्शनकारियों के परिजनों को सरकारी नौकरी देने जैसे महत्वपूर्ण निर्णय शामिल हैं। राज्य मंत्रिमंडल की उप-समिति ने मंगलवार को जरांगे से मुलाकात की और नया मसौदा पेश किया। सरकार की ओर से आश्वासन मिलने के बाद हाईकोर्ट ने भी आजाद मैदान में 3 सितंबर तक आंदोलन की अनुमति दी थी।
आधिकारिक घोषणा के बाद लौट जांएगे गांव
जरांगे ने कहा कि जैसे ही सरकारी प्रस्ताव (जीआर) आधिकारिक तौर पर जारी होगा, आंदोलन खत्म कर गांव लौटेंगे और पूरे राज्य में जश्न मनाया जाएगा। उन्होंने साफ किया कि यह जीत केवल उनकी नहीं बल्कि पूरे मराठा समाज की है। इस फैसले को मराठा समुदाय के आरक्षण संघर्ष का ऐतिहासिक पड़ाव माना जा रहा है। अब उम्मीद जताई जा रही है कि आने वाले दिनों में हर गांव में जश्न का माहौल होगा और लंबे समय से चली आ रही अनिश्चितता खत्म होगी।
कृषि में छत्तीसगढ़ का नया अध्याय बनाया धमतरी जिले ने
इरादों की स्याही से किशन जंगम ने लिखी सफलता की नई इबारत
स्वतंत्रता दिवस समारोह-2026 की तैयारियां प्रारंभ
मुख्यमंत्री डॉ. यादव पन्ना में 204 करोड़ रूपए से अधिक राशि के 22 विकास कार्यों की देंगे सौगात
संसद में NEET विवाद पर बढ़ा सियासी टकराव, राहुल गांधी की बैठक से क्या निकलेगा हल?
CJP प्रोटेस्ट विवाद: सरकार ने कहा- संवाद के रास्ते खुले, 4 बार भेजा बातचीत का न्योता
हापुड़ में 6 साल की बच्ची से कथित दुष्कर्म प्रयास, पुलिस ने दर्ज किया केस
शिक्षा पर कितना निवेश, कितना बदलाव? मोदी सरकार के 12 साल का डेटा आया सामने
झाबुआ रेल विवाद: 6 घंटे इंतजार के बाद यात्रियों ने रोका ट्रैक, बोले- लोकल को दी जा रही प्राथमिकता