हैदराबाद में बारिश में तीन लोग बहे, कई इलाकों में भरा पानी, यातायात ठप
हैदराबाद। शहर के कई हिस्सों, खासकर सिकंदराबाद के मुख्य इलाकों में रविवार रात 100 मिमी से लेकर 124 मिमी तक भारी बारिश हुई। मुशीराबाद, मेट्टुगुडा, चिलकलगुडा, उस्मानिया विश्वविद्यालय, तरनाका, हब्सीगुडा, मौला अली और कपरा में भारी बारिश हुई। मुशीराबाद में, बौद्ध नगर में 12.4 सेमी बारिश हुई, जबकि एमसीएच कॉलोनी में 11.9 सेमी, उस्मानिया विश्वविद्यालय में 105.8 मिमी, कपरा में 103.3 मिमी और मर्रेडपल्ली में 101.8 मिमी बारिश दर्ज की गई। शेखपेट और जुबली हिल्स में 99 मिमी, मुशीराबाद में आदिकमेट 96 मिमी, अंबेडकर नगर 95.8 मिमी, कुथबुल्लापुर ईएसएस जीदीमेटला 95.5 मिमी, सीताफलमंडी और मर्रेडपल्ली 91.5 मिमी, हिमायतनगर में विद्यानगर में टीएसआरटीसी कर्मचारी भवन 90.5 मिमी, अलवाल सामुदायिक हॉल 88.8 मिमी, और उप्पल जीएचएमसी जोनल कार्यालय 88.8 मिमी में भी भारी बारिश दर्ज की गई।
तेलंगाना विकास योजना सोसाइटी के मुताबिक सिद्दीपेट के नारायण रावपेट में रविवार सुबह 8:30 बजे से सोमवार की सुबह 8 बजे के बीच सबसे 245.5 मिमी बारिश हुई। रंगारेड्डी के अब्दुल्लापुरमेट-थटियानाराम में 128 मिमी बारिश दर्ज की गई, जबकि हैदराबाद के मुशीराबाद इलाके में कई निगरानी बिंदुओं पर 114.5 मिमी से 124 मिमी बारिश दर्ज की गई। अचानक बादल फटने से मुख्य सड़कें जलमग्न हो गईं, जिससे यातायात पुलिस और नगर निगम की टीमों के प्रयासों के बावजूद यातायात धीमा रहा। ग्रेटर हैदराबाद नगर निगम की महापौर विजयलक्ष्मी गडवाल ने कहा कि वह बंजारा हिल्स स्थित कमांड कंट्रोल सेंटर में स्थिति की व्यक्तिगत रूप से निगरानी कर रही हैं। जहां बारिश का पानी निकालने और वाहनों का मार्ग बदलने के लिए पंप और डायवर्जन टीमें तैनात की गई हैं।
मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक 44 बस स्टॉप के पास नाले की दीवार गिरने से पारसीगुट्टा में एक व्यक्ति बह गया बाद में उसका स्कूटर पारसीगुट्टा चर्च के पास मिला। जहां उसे आखिरी बार देखा गया था। आपदा प्रतिक्रिया बल के जवान नाले के किनारे मैनहोल की तलाशी ले रहे हैं, लेकिन वह अभी भी लापता है। एक अन्य घटना में, नामपल्ली इलाके में बह जाने के बाद दो व्यक्ति लापता हो गए उनकी तलाशी जारी है। जहां आपदा प्रतिक्रिया बल के जवान मैनहोल और आस-पास के नालों में तलाश कर रहे हैं।
निवासियों ने इस बात पर निराशा व्यक्त की कि इलाके की खराब जल निकासी व्यवस्था के बारे में कई बार शिकायतें की पर कोई जवाब नहीं मिला। दुकानदारों ने बताया कि उनके दुकानों में पानी भर गया है, जिससे सामान को नुकसान हुआ है और व्यापार बाधित हुआ है। आगे भी भारी बारिश की भविष्यवाणी के साथ लोगों को डर है कि अगर तत्काल उपाय नहीं किए गए तो हालात और बिगड़ सकते हैं।
छात्राओं की सफलता पर परिवार और स्कूल में जश्न
जल गंगा संवर्धन अभियान से शहडोल में पुराने जल स्त्रोतों को मिल रहा पुर्नजीवन
उप मुख्यमंत्री शुक्ल से मध्यप्रदेश स्टेट सिविल सप्लाइज कॉरपोरेशन लिमिटेड के उपाध्यक्ष कांकर ने की सौजन्य भेंट
उप मुख्यमंत्री शुक्ल ने विंध्य विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष डॉ. सिंह को दी शुभकामनाएँ
पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा की अध्यक्षता में रेलवे सुरक्षा एवं सिंहस्थ-2028 की तैयारियों को लेकर पुलिस मुख्यालय में उच्चस्तरीय समन्वय समिति की बैठक आयोजित
इंतजार खत्म! छत्तीसगढ़ बोर्ड ने जारी किया 10वीं-12वीं का रिजल्ट
शहरी गैस नीति 2026 को मिली मंजूरी, इंफ्रास्ट्रक्चर को बढ़ावा