रात को नहीं आती नींद? तो सिर्फ 5 मिनट के लिए करें ये काम, समस्या हो जाएगी छूमंतर
आज की तेज रफ्तार जिंदगी में नींद न आना एक आम समस्या बन चुकी है। दिनभर की भागदौड़, काम का दबाव, मोबाइल और लैपटॉप की स्क्रीन, और लगातार दौड़ते विचार, ये सभी मिलकर रात की नींद छीन लेते हैं। शरीर थका होता है, लेकिन जैसे ही हम बिस्तर पर जाते हैं, दिमाग अचानक पूरी तरह एक्टिव हो जाता है। कभी कल की टेंशन, कभी आज की कोई बात, तो कभी आने वाले समय की चिंता नींद को कोसों दूर कर देती है। इस समस्या से परेशान ज्यादातर लोग तुरंत नींद की दवा या मोबाइल स्क्रॉल करने लगते हैं, लेकिन ये दोनों ही उपाय लंबे समय में नुकसान पहुंचाते हैं। असल में हमें किसी भारी उपाय की नहीं, बल्कि सिर्फ 5 मिनट की एक आसान आदत की जरूरत होती है, जो दिमाग को शांत करके नींद के लिए तैयार कर दे। यह आदत है 'ध्यान' यानी मेडिटेशन।
5 मिनट का ध्यान
सोने से पहले सिर्फ 5 मिनट का ध्यान दिमाग और शरीर दोनों पर गहरा असर डालता है। ध्यान का मतलब किसी कठिन योगासन में बैठना नहीं है। बस बिस्तर पर आराम से बैठकर या लेटकर अपनी आंखें बंद करें और अपनी सांसों पर ध्यान दें। न सांस को तेज करना है, न धीमा बस यह महसूस करें कि हवा अंदर जा रही है और बाहर आ रही है।इन कुछ मिनटों में दिमाग दिनभर की उलझनों से बाहर निकलने लगता है। जो विचार बार-बार घूम रहे होते हैं, उनकी गति धीरे-धीरे कम हो जाती है। दिल की धड़कन सामान्य होने लगती है और शरीर को यह संकेत मिलने लगता है कि अब आराम का समय है। यही प्रक्रिया दिमाग को एक्टिव मोड से रिलैक्स मोड में ले जाती है। ध्यान करने से तनाव बढ़ाने वाले हार्मोन कम होने लगते हैं, जिससे बेचैनी और घबराहट कम हो जाती है। जैसे मोबाइल इस्तेमाल करने से दिमाग चौकन्ना हो जाता है, वैसे ही ध्यान करने से दिमाग शांत होने लगता है। कई लोग सोचते हैं कि ध्यान का असर हफ्तों बाद दिखता है, लेकिन सच यह है कि सिर्फ 5 मिनट का ध्यान भी तुरंत सुकून देना शुरू कर देता है।
इन समस्याओं से मिलती है राहत
अगर आप रोजाना सोने से पहले यह छोटी-सी आदत अपनाते हैं, तो नींद न आने की समस्या खत्म हो जाती है और रात को जल्दी नींद आती है। साथ ही बीच-बीच में नींद खुलने की समस्या कम होती है और सुबह उठने पर शरीर हल्का और मन तरोताजा महसूस करता है।
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