मंच पर फहराया तिरंगा, अचानक बेहोश हुए मंत्री, मचा हड़कंप
देश आज 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। इस राष्ट्रीय पर्व के दौरान पूरे देश में झंड़ा फहराया गया। ऐसे ही एक कार्यक्रम के दौरान केरल के कन्नूर में राज्य के संग्रहालय एवं पुरातत्व मंत्री रामचंद्रन कदनप्पल्ली पुलिस मैदान में 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान राष्ट्रीय ध्वज फहराने के बाद बेहोश हो गए।कांग्रेस (सेकुलर) के प्रदेश अध्यक्ष और कन्नूर निर्वाचन क्षेत्र के विधायक कदनप्पल्ली (81), गणतंत्र दिवस के अवसर पर संदेश देते समय डीएससी बैंड, पुलिस, उत्पाद शुल्क, जेल, एनसीसी, एसपीसी, स्काउट्स और गाइड्स और जूनियर रेड क्रॉस सहित 24 प्लाटून की परेड का निरीक्षण करने के बाद बेहोश हो गए।जैसे ही वह बेहोश होकर गिरे जिला कलेक्टर और पुलिस अधिकारियों ने उन्हें संभाल लिया और जमीन पर गिरने से बचाया। कुछ ही मिनटों में उन्हें होश आ गया और वे खुद चलकर एम्बुलेंस की ओर गए। उन्हें कन्नूर कस्बे के पास के एक निजी अस्पताल में ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उनका स्वास्थ्य स्थिर बताया है।
देश मना रहा 77वां गणतंत्र दिवस
पूरा देश आज के दिन 77वां गणतंत्र दिवस का जश्न मना रहा है। राजधानी दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आज भारतीय सेना ने अपने सामर्थ्य का प्रदर्शन किया। क्कीसवीं सदी की बहु-ध्रुवीय वैश्विक व्यवस्था की वास्तविकता के बीच भारत ने सोमवार को अपनी सैन्य ताकत का प्रदर्शन किया। इस अवसर पर संभावित नए सुरक्षा सहयोगी यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन मौजूद थे।जहाँ एक ओर भारत और यूरोपीय संघ (ईयू) लंबे समय से लंबित मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) को अंतिम रूप देने के लिए बातचीत कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर दोनों पक्ष इस सप्ताह एक 'सुरक्षा और रक्षा साझेदारी' के माध्यम से सहयोग मजबूत करने पर भी विचार कर रहे हैं। इस व्यापार समझौते में भारत द्वारा आयातित महंगी कारों पर सीमा शुल्क में भारी कटौती शामिल हो सकती है।
भोजपुरी सुपरस्टार पर मलाइका का रिएक्शन वायरल, 'बहुत ही घिनौनी हरकत है' बयान सुर्खियों में
वेस्टइंडीज ने पाकिस्तान सीरीज के लिए खेला बड़ा दांव, अनुभवी तेज गेंदबाज को किया बाहर
सोनम वांगचुक के फैसले पर विपक्ष का वार, संजय राउत बोले- सच सामने आना चाहिए
वांगचुक के अनशन खत्म होने के बाद RSS का बड़ा बयान, विदेशी एजेंसी का लगाया आरोप
राजधानी में मेट्रो सेवा प्रभावित, स्टेशन बंद होने से बढ़ा ट्रैफिक दबाव
शिक्षा व्यवस्था पर भरोसे का संकट, क्या नया नेतृत्व बदल पाएगा तस्वीर?