मामूली रकम बनी जानलेवा, उधार मांगने पर किसान की हत्या
बड़वानी। मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले में केवल 100 रुपये के लिए हत्या कर दी गई. किसान ने 100 रुपये उधार लिए थे. बताया जा रहा है कि पैसे वापस मांगने पर किसान का आरोपी के साथ विवाद हो गया. जिसके बाद आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर पीट-पीटकर किसान की हत्या कर दी और वारदात को अंजाम देकर आरोपी फरार हो गए।
100 रुपये के लिए बन गए ‘जल्लाद’
पूरा मामला पाटी थाना क्षेत्र के जमरिया फलिया का है. जानकारी के मुताबिक 35 वर्षीय किसान फुलसिंग ने आरोपी मनीष से 100 रुपये उधार लिए थे. जब फुलसिंग ने मनीष से उधार के पैसे वापस मांगे तो दोनों के बीच कहासुनी हो गई. विवाद इतना बढ़ा कि दोनों के बीच मारपीट की नौबत आ गई. आरोपी फुलसिंग ने अपने दो साथियों वीरेंद्र सोलंकी और रणछोड़ के साथ मिलकर फुलसिंग पर हमला बोल दिया. केवल 100 रुपये के लिए तीनों ‘जल्लाद’ बन गए. तीनों ने मिलकर पीट-पीटकर किसान की हत्या कर दी।
पूरे इलाके में दहशत का माहौल
वहीं घटना के बाद परिवार में मातम पसरा हुआ है. पूरे इलाके में दहशत का मौहाल है. लोग हैरत में हैं कि केवल 100 रुपये के लिए किसान की इतनी बुरी तरह से हत्या कर दी गई. आसपास के लोगों में अब पड़ोसियों को लेकर शक बढ़ रहा है. हर तरफ चर्चा की जा रही है कि उधार के पैसों को देते समय सावधान रहना चाहिए।
बेरहमी से पीटा, सीने पर लात-घूंसे मारे
वहीं मृतक किसान फुलसिंग के भतीजे सीताराम ने थाने में आरोपियों के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई. सीताराम ने बताया कि काका फुलसिंग का आरोपी मनीष से 100 रुपये के लेनदेन को लेकर विवाद हुआ था. जिसके बाद मनीष ने अपने दो साथियों वीरेंद्र सोलंकी और रणछोड़ के साथ मिलकर हमला बोल दिया. आरोपियों ने काका के सीने पर लात-घूंसों से हमला किया. फिलहाल पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और आगे की कार्रवाई में जुटा हुआ है।
प्रधानमंत्री मोदी के आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को पूर्ण कर रहा है मध्यप्रदेश: मुख्यमंत्री डॉ. यादव
लोकतंत्र का महापर्व: बंगाल में 91.40% मतदान, तमिलनाडु में टूटा रिकॉर्ड
साकेत भवन में कर्मचारी राज्य बीमा औषधालय ने लगाया विशेष स्वास्थ्य जागरूकता व जांच शिविर
स्व-सहायता समूह से जुड़कर बदली जिंदगी की तस्वीर
मध्यप्रदेश में गेहूं खरीदी लक्ष्य 78 से बढ़कर 100 लाख मीट्रिक टन हुआ
माताओं-बहनों को सर्वोपरि रखने की है हमारी संस्कृति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
रेल चिकित्सालय में स्वास्थ्य शिविर, पोषण पर विशेष फोकस
इंदौर में मेडिकल नियमों की अनदेखी, 32 डॉक्टर रडार पर
सुभेंदु सरकार की पहली प्रतिक्रिया: ‘हम पर हमला हुआ, कार तोड़ी गई’
पूर्व सेवा गणना पर बड़ा फैसला, हाई कोर्ट की डबल बेंच ने दिया झटका