आरबीआई के डर से पेटीएम ने की 2 बैंकों से हाथ मिलाने की तैयारी
नई दिल्ली । रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया की कड़ी कार्रवाई के बाद पेटीएम पेमेंट्स बैंक अब दो बैंकों से हाथ मिलाने की तैयारी में जुट गई है। हालांकि, अभी अपने यूजर्स के खातों को वैकल्पिक बैंकों में ट्रांसफर करने में लगभग 3 से 6 महीने का समय लग सकता है। एक रिपोर्ट से यह पता चला है कि आरबीआई ने पेटीएम पेमेंट्स बैंक को 15 मार्च तक अपने लेनदेन और जमा को रोकने की समय अवधि दी है। इस मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने बताया कि सभी मौजूदा पेटीएम ग्राहकों के अकाउंट्स अन्य बैंकों में ट्रांसफर होने में लगभग 6 महीने लग सकते हैं। हालांकि, यह समय अवधि पेटीएम पेमेंट्स बैंक के लिए लेनदेन रोकने के लिए आरबीआई द्वारा निर्धारित टाइम लिमिट से काफी ज्यादा है। इस मामले में सूत्रों ने कहा कि पेटीएम मौजूदा संकट के बीच नेशनल पेमेंट्स कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनसीपीआई) से थर्ड-पार्टी एप्लिकेशन प्रोवाइडर लाइसेंस के लिए आवेदन करना चाहता है।
जानकार बता रहे हैं कि इस लाइसेंस के मिलने से पेटीएम यह सुनिश्चित कर सकेगा कि ग्राहक ऐप के जरिए यूपीआई भुगतान कर पाएंगे। एक सूत्र के हवाले से कहा गया है कि यह इस बात पर निर्भर करता है कि आरबीआई पूरी प्रक्रिया के बारे में कैसे सोच रहा है। यह बदलाव रातों रात या कुछ दिनों में नहीं होता है। सभी पेटीएम ग्राहकों को दूसरे भुगतान सेवा प्रदाता (पीएसपी) में ट्रांसफर करने की प्रोसेस में 3 से 6 महीने का समय लग सकता है, क्योंकि पेटीएम के पास बड़ी संख्या में ग्राहक हैं। इस बीच पेटीएम अपने यूपीआई पेमेंट्स के लिए एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक और भारतीय स्टेट बैंक के साथ साझेदारी को लेकर बातचीत कर रहा है।
जनगणना से ही समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुंचाने की रणनीति होती है तय : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
सामूहिक विवाह सबसे उत्तम, खर्चीली शादियों से बचें : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
कलेक्टर और नगर निगम आयुक्त की मेहनत को राज्य ने किया पहचान
सेवा, समर्पण और संकल्प के साथ करें कार्य : राज्यपाल पटेल
भारत भवन सिर्फ एक भवन नहीं, जीवन की रचना है, अतीत हो रहा है पुन: जीवंत : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
एयर इंडिया पर नियामक की बड़ी कार्रवाई, गड़बड़ी उजागर होने के बाद 1 करोड़ दंड
नगर निगम पर प्रदर्शन, बैरिकेडिंग के बीच कार्यकर्ताओं ने किया हनुमान चालीसा का पाठ
एमपी विधानसभा के बजट सत्र को लेकर प्रशासन अलर्ट मोड मे, निजी सुरक्षा कर्मियों पर रोक, नए नियम लागू
9 साल की उम्र में आत्मदाह की चेतावनी, सिस्टम पर सवाल
असम में ‘मिया’ मुसलमानों को लेकर क्यों तेज हुई सियासी मुहिम? विवादित वीडियो से बढ़ा राजनीतिक टकराव